क्लेमेंटाउन, देहनादून में “फोर्टिफाइंग द हिमालयाजः ए प्रोएक्टिव मिलिट्री-सिविल-सोसाइटी फ्यूजन स्ट्रेटजी इन द मिडिल सेक्टर” विषय पर आयोजित संगोष्ठी में माननीय राज्यपाल Lt Gen Gurmit Singh (सेवानिवृत्त) जी के साथ सम्मिलित होकर उपस्थित देवतुल्य जनता के समक्ष अपने विचार रखे।

निश्चित रूप से इस संगोष्ठी के दौरान हुए गहन मंथन से जो अमृततुल्य विचार सामने आएंगे, वे न केवल हमारी सामरिक नीतियों को और अधिक सुदृढ़ करेंगे, बल्कि हिमालयी क्षेत्र के समग्र, संतुलित एवं सतत विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

हिमालयी क्षेत्र की दुर्गम भौगोलिक परिस्थितियाँ, सीमित जनसंख्या और संवेदनशील सीमावर्ती चुनौतियाँ यह स्पष्ट करती हैं कि सेना, स्थानीय नागरिकों, सिविल प्रशासन तथा तकनीकी विशेषज्ञों के बीच मजबूत समन्वय और सहयोग अत्यंत आवश्यक है। आदरणीय प्रधानमंत्री Narendra Modi जी के दूरदर्शी एवं कुशल नेतृत्व में वाइब्रेंट विलेज प्रोग्राम के माध्यम से सीमावर्ती गांवों के सर्वांगीण विकास, सशक्तिकरण और राष्ट्रीय सुरक्षा के सुदृढ़ीकरण की दिशा में निरंतर प्रभावी प्रयास किए जा रहे हैं।

