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August 30, 2026
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प्रकृति का संरक्षण केवल आज की आवश्यकता नहीं, बल्कि भविष्य की पीढ़ियों के प्रति हमारा दायित्व है – राज्यपाल

राजभवन में हरेला पर्व पारंपरिक उल्लास के साथ मनाया गया।

बुधवार को राजभवन में उत्तराखण्ड की लोक संस्कृति, प्रकृति प्रेम और पर्यावरण संरक्षण के प्रतीक पर्व ‘हरेला’ को पारंपरिक हर्षोल्लास के साथ मनाया गया।

राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) ने हरेला पर्व के अवसर पर राजभवन स्थित राजप्रज्ञेश्वर मंदिर में पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख-समृद्धि और खुशहाली के लिए कामना की।

इसके बाद राज्यपाल सहित प्रथम महिला श्रीमती गुरमीत कौर, सचिव रविनाथ रामन, अपर सचिव रीना जोशी सहित राजभवन के अधिकारियों, कर्मचारियों ने राजभवन परिसर में पौधरोपण किया।

हरेला पर्व के अवसर पर छोलिया नर्तक दल ने पारंपरिक वाद्ययंत्रों के साथ विभिन्न कार्यक्रम प्रस्तुत किए और इस लोक पर्व की शोभा बढ़ाई। वहीं महिलाओं द्वारा भी पारंपरिक वेशभूषा में हरेला के मांगलिक गीत गाए।

हरेला पर्व के अवसर पर देश एवं प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए राज्यपाल ने कहा कि उत्तराखण्ड में प्रकृति को महत्व देने की हमारी परंपरा रही है। उत्तराखण्ड की जीवनशैली में रचा-बसा हरेला पर्व हमारी सांस्कृतिक विरासत, कृषि परंपरा और प्रकृति से जुड़ाव का प्रतीक है। हरेला आज सिर्फ पारंपरिक पर्व नहीं, बल्कि जलवायु परिवर्तन और पर्यावरण संकट के दौर में सामूहिक रूप से हरित पहल का आह्वान भी किया।

राज्यपाल ने कहा कि उत्तराखण्ड अपनी समृद्ध प्राकृतिक संपदा, घने वनों और जैव विविधता के कारण सम्पूर्ण भारत के लिए पर्यावरणीय संतुलन का प्रहरी है। इसी कारण पर्यावरण संरक्षण की हमारी जिम्मेदारी और भी अधिक बढ़ जाती है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है कि वह अधिक से अधिक वृक्षारोपण करें और साथ ही यह भी सुनिश्चित करें कि रोपे गए पौधे सुरक्षित रूप से विकसित हों। उन्होंने यह भी कहा कि प्रकृति का संरक्षण केवल आज की आवश्यकता नहीं, बल्कि भविष्य की पीढ़ियों के प्रति हमारा दायित्व है। इसलिए हम सभी को मिलकर प्रकृति के साथ संतुलन बनाए रखना होगा।

 

राज्यपाल ने इस अवसर पर स्कूलों में वन संरक्षण व पर्यावरण जागरूकता में उल्लेखनीय योगदान देने हेतु रा0इ0का0 गुनियाल गांव की अध्यापिका श्रीमती जयन्ती उनियाल और छात्रा कुमारी कामिनी सैनी एवं सनातन धर्म इण्टर कॉलेज मसूरी की अध्यापिका डॉ. नम्रता श्रीवास्तव और छात्रा कुमारी मानसी को सम्मानित किया। इस अवसर पर प्रथम महिला श्रीमती गुरमीत कौर, सचिव श्री राज्यपाल रविनाथ रामन, अपर सचिव श्रीमती रीना जोशी, वन संरक्षक यमुना श्रीमती कहकशा नसीम, डीएफओ मसूरी अमित कंवर, संयुक्त निदेशक उद्यान डॉ. रतन कुमार, उद्यान अधिकारी दीपक पुरोहित सहित राजभवन के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

 

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